कलेक्टर श्रीमती शीतला पटले ने शिक्षा एवं जनजातीय कार्य विभाग की समीक्षा बैठक ली
कलेक्टर श्रीमती शीतला पटले ने शिक्षा एवं जनजातीय कार्य विभाग की समीक्षा बैठक ली

कलेक्टर श्रीमती शीतला पटले ने शिक्षा एवं जनजातीय कार्य विभाग की समीक्षा बैठक ली
गुणवत्तापूर्ण शिक्षा और पारदर्शिता पर दिया विशेष जोर
सिवनी, 23 अक्टूबर।कलेक्टर श्रीमती शीतला पटले ने गुरुवार को जिला मुख्यालय में शिक्षा एवं जनजातीय कार्य विभाग की संयुक्त समीक्षा बैठक आयोजित की। बैठक में विभागीय योजनाओं की प्रगति, निर्माण कार्यों की स्थिति, विद्यालयों के संचालन और छात्रहित से जुड़ी गतिविधियों पर विस्तृत चर्चा की गई।
कलेक्टर ने विभागीय स्कूलों, छात्रावासों, कन्या शिक्षा परिसरों, सांदीपनि विद्यालयों सहित निर्माणाधीन कार्यों की समीक्षा करते हुए संबंधित अधिकारियों से प्रगति रिपोर्ट प्राप्त की। साथ ही समग्र शिक्षा अभियान अंतर्गत संचालित गतिविधियों पर भी विस्तार से विचार-विमर्श किया गया।
बैठक के दौरान श्रीमती पटले ने मेधावी छात्र-छात्राओं को लैपटॉप, स्कूटी, साइकिल एवं गणवेश वितरण की स्थिति की जानकारी ली। समेकित छात्रवृत्ति योजना में धीमी प्रगति पर असंतोष व्यक्त करते हुए उन्होंने बीआरसी घंसौर श्री कमलेश बघेल को कारण बताओ नोटिस जारी करने के निर्देश दिए। इसी प्रकार बैठक में अनुपस्थित एपीसी श्री हरीश बर्मन को भी नोटिस जारी किया गया।
कलेक्टर ने गत वर्ष के परीक्षा परिणामों पर चर्चा करते हुए कहा कि बेहतर परिणामों के लिए माइक्रो लेवल पर मॉनिटरिंग की जाए और विद्यार्थियों के स्तर पर सुधारात्मक कदम उठाए जाएं। उन्होंने सभी मैदानी अमले को नियमित विद्यालय निरीक्षण करने और लापरवाही करने वाले शिक्षकों एवं कर्मचारियों के विरुद्ध कार्यवाही प्रस्तावित करने के निर्देश दिए।
श्रीमती पटले ने प्राचार्यों की साप्ताहिक वर्चुअल बैठक आयोजित करने, अनुकम्पा नियुक्ति व पेंशन प्रकरणों का शीघ्र निराकरण करने तथा शिक्षकों की ई-अटेंडेंस प्रणाली को एक सप्ताह में शत-प्रतिशत लागू करने के निर्देश दिए। उन्होंने आगामी एफएलएन मेले की तैयारियों की जानकारी लेते हुए प्रत्येक विद्यालयवार अधिकारियों की ड्यूटी तय करने को कहा।
कलेक्टर ने कहा विद्यालयों में पढ़ने वाला प्रत्येक बच्चा हमारे समाज और देश का भविष्य है। गुणवत्तापूर्ण शिक्षा देना केवल हमारी प्रशासनिक नहीं, बल्कि नैतिक जिम्मेदारी भी है। हमें यह सुनिश्चित करना है कि बच्चों में रचनात्मकता और सीखने की ललक विकसित हो।”
उन्होंने जिला शिक्षा अधिकारी को निर्देश दिए कि कक्षा 6 से ऊपर के विद्यार्थियों के लिए करियर जागरूकता संबंधी मॉडल प्रश्नपत्र तैयार किए जाएं, ताकि विद्यार्थी अपने भविष्य के प्रति स्पष्ट दृष्टिकोण और प्रेरणा प्राप्त कर सकें।
बैठक में सीईओ जिला पंचायत श्रीमती आरती शाह, जिला शिक्षा अधिकारी श्री एस.एस. कुमरे, सहायक आयुक्त श्री मीणा, जिला परियोजना समन्वयक श्री महेश बघेल, सहित विभिन्न विकासखंडों के बीईओ एवं बीआरसी अधिकारी उपस्थित रहे।